
लखनऊ। मड़ियांव चौराहे पर शनिवार को खड़े ई-रिक्शा में चालक अचानक बेसुध हो गया। काफी देर तक कोई हलचल न होने पर राहगीरों ने पास जाकर देखा और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची नौबस्ता चौकी पुलिस चालक को आनन-फानन में अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। प्रथम दृष्टया मौत की वजह हार्ट अटैक मानी जा रही है। ई-रिक्शा मड़ियांव चौराहे के पास खड़ा था। चालक को बेसुध देखकर राहगीरों की भीड़ जुट गई। सूचना पर नौबस्ता चौकी प्रभारी दीपक पांडे पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और चालक को जानकीपुरम स्थित अस्पताल ले गए। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

मड़ियांव पुलिस के मुताबिक, मृतक की पहचान 44 वर्षीय मोहम्मद आशिक निवासी बीबीपुर गांव, इटौंजा के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि आशिक ने करीब एक महीने पहले ही नया ई-रिक्शा खरीदा था और उसे चलाकर परिवार का भरण-पोषण कर रहा था। आशिक परिवार में अकेले कमाने वाले थे।
उनकी मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पत्नी अफसाना और दो छोटे बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार की आजीविका का सहारा छिनने से परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। नौबस्ता चौकी प्रभारी दीपक पांडे ने बताया कि पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारणों की पुष्टि होगी। पुलिस मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई कर रही है।








